कहा जाता है कि आलू अपने आप में एक ऐसी सब्जी है जो धनी या गरीब हो सभी के किचन में उपल्बध रहता है, लेकिन आलू की कम पैदावार होने और मांग ज्यादा होने से आलू के भाव अभी भी 80 रुपए पसेरी बने हुए हैं। तो खुदरा भाव 20 रुपए प्रति किलो बना हुआ है। पिछले वर्ष फरवरी माह में आलू के दाम 40 रुपए प्रति 5 किलो पहुंच गए थे। दाम नहीं घटने से थोक व खुदरा विके्रता भी काफी परेशान दिख रहे हैं। सब्जी मण्डी में आढ़तिया देवेन्द्र सिंह बताते हैं कि आलू की फसल में लागत अधिक होने से और पिछले वर्ष दाम कम होने से किसानों ने इस बार आलू फसल कम ही है। रबी की फसल के साथ ही आलू की बुआई अक्टूबर माह तक हो जाती है। इसके लिए विशेष रूप से गुड्डी दार खेत तैयार किया जाता है। आलू की फसल लगभग 120 दिन में तैयार हो जाती है। आलू की खुदाई दिसंबर में प्रारंभ हो जाती है जो फरवरी तक चलती है।
इस सीजन दाम में 40 प्रतिशत की वृद्धि आलू व्यवसायियों के अनुसार पिछले साल की तुलना में इस साल आलू की कीमतों में 40 प्रतिशत तक की वृद्धि देखी गई है। हालांकि इस साल मौसम की मार ने फसल को नष्ट तो नहीं किया लेकिन पैदावार कम ही रही और महाकुंभ के साथ सहालग के चलते मांग ज्यादा रही जिसके कारण आलू की कीमतों में बढ़ोत्तरी देखी जा रही है। वहीं पिछले साल यानी 2024 में फरवरी के महीनों में आलू की कीमत 10-15 रुपए प्रति किलो थी। हालांकि इस साल आलू 20 रुपए प्रति किलो तक बिक रह है।
बड़े व्यापारी कर रहे आलू का भंडारण आलू के भाव में जीते का एक मुख्य कारण कम पैदावार ही नहीं अपितु सहालग के साथ बड़े व्यापारियों के किया जा रहा कोल्ड स्टॉरेज में आलू का भंडारण करना भी है। धौलपुर में ज्यादातर उत्तर प्रदेश से आलू आता है, लेकिन इस बार महाकुंभ के चलते भी यहां उत्तर प्रदेश से कम आलू आया। आलू का सीजन आए दो माह हो चले हैं, लेकिन भाव अभी भी 80 रुपए पसेरी बने हुए हैं। अब व्यापारी आलू का भंडारण करने लगे हैं। जिससे आने वाले दिनों में आलू के दामों में कमी की वजाय वृद्धि ही देखने को मिलेगी। फिलहाल धौलपुर सहित आगरा क्षेत्र का ही आलू इन दिनों मण्डियों में आ रहा है।
सब्जियों के दाम धरातल पर…. एक ओर जहां आलू के दाम तेज बने हुए हैं। वहीं अन्य सब्जियों के दाम धरातल पर पहुंचने से किसान परेशान हैं। हरी सब्जियों से लेकर अधिकतर सब्जियों के दाम इन दिनों 10 रुपए किलो बने हुए है। जिससे जहां गृहणियों काफी खुश हैं तो किसानों में निराशा। हरी सब्जियों की बात करें तो पालक, मैथी 10 से 20 रुपए किलो बिक रही है। एक समय 100 से 150 रुपए बिकने वाली गोभी के आज 10 रुपए प्रति किलो के भाव हैं। तो वहीं बेंगन, पत्तागोभी, टमाटर, मूली, गाजर, सेंगरी के भाव 10 रुपए किलो बने हुए हैं।